Q. 124.4( 7 Votes )

निम्नलिखित प्रश्न

Answer :

क) ‘कन्यादान’ कविता में माँ ने बेटी को अपने चेहरे पर न रीझने की सलाह दी| सुन्दर चेहरे की प्रशंसा सुनकर अकसर महिलाएँ खुश हो जाती हैं और फिर वे हमेशा उस प्रशंसा की अपेक्षा करने लगती हैं| उस प्रशंसा की अपेक्षा में वे अपनी स्वतंत्रता खो देती हैं और जीवन भर के बंधनों में बंधकर रह जाती हैं| इसीलिये कन्यादान कविता में बेटी की माँ ने अपनी बेटी से कहा है कि अपने चेहरे पर मत रीझना|

ख) जिस संतान को किसी माँ ने इतने जतन से पाल पोस कर बड़ा किया हो, उसे किसी अन्य को सौंपने में गहरी पीड़ा होती है। बच्चे को पालने में माँ को कहीं अधिक दर्द और त्याग करना पड़ता है जो एक माँ ही समझ सकती है| और एक दिन उसी संतान को किसी को दान करना पड़े तो उस दुःख को एक माँ ही समझ सकती है| अपनी बेटी को दान करते वक्त माँ का दुःख प्रमाणिक था क्योंकि उस माँ ने अपनी जीवन भर की पूँजी को एक पल में किसी दूसरे को सौंप दिया था|


ग) ‘जो न मिला भूल उसे कर तू भविष्य वरण’- कथन में कवि यह कहना चाहते है कि उन्हें समय पर कुछ प्राप्त नहीं हुआ उनके जीवन में सुख तो आया पर जब उसकी कोई अहमियत नहीं थी वह यह कहते है कि हमे जिस समय जो मिले जीवन में उसमे खुश रहना चाहिए और हर पल को खुल कर जीना चाहिए| हमने अतीत में जो कुछ प्राप्त करने की अपेक्षा की थी वो न मिलने पर उसके दुःख में अपना वर्तमान खराब नहीं करना चाहिए वल्कि भविष्य के लक्ष्यों पर अपना ध्यान केन्द्रित करना चाहिए|


घ) राम का स्वभाव कोमल एवं शांत था इसके विपरीत परशुराम क्रोधित स्वभाव के थे इसलिए उनका गुस्सा शांत करने के लिए राम ने खुदको उनका दास कहा इससे उनकी सहनशीलता, धैर्य, गंभीरता का पता लगता है|


ङ) परशुराम के स्वभाव से क्रोधी, बाल ब्रम्हचारी एवं क्षत्रियों के प्रबल विरोधी थे| धनुष टूटने के पश्चात् उनकी प्रतिक्रिया से उनके क्रोधी होने का प्रमाण मिलता है साथ ही धनुष क्षत्रियों के द्वारा टोडा गया था इसी कारण उनका क्रोध और भी अधिक था इससे उनके क्षत्रिय विरोधी होने का प्रमाण मिलता है|


Rate this question :

How useful is this solution?
We strive to provide quality solutions. Please rate us to serve you better.
Related Videos
All GrammarAll GrammarAll Grammar41 mins
Try our Mini CourseMaster Important Topics in 7 DaysLearn from IITians, NITians, Doctors & Academic Experts
Dedicated counsellor for each student
24X7 Doubt Resolution
Daily Report Card
Detailed Performance Evaluation
caricature
view all courses
RELATED QUESTIONS :

Hindi (Course A) - Board Papers

‘आप चैन की नींद सHindi (Course A) - Board Papers

Hindi (Course B) - Board Papers

Hindi (Course B) - Board Papers

Hindi (Course A) - Board Papers

Hindi (Course B) - Board Papers